
छत्तीसगढ़ की राजनीति में उभरा कांग्रेस का सियासी संकट दूर हो गया है। दो दिनों तक दिल्ली में चली कुर्सी की इस जद्दोजहद पर तमाम अटकलों और कयासों को विराम देकर मुख्यमंत्री भूपेश बघेल रायपुर पहुंच गए हैं। एयरपोर्ट से बाहर निकलते ही पूरा परिसर जिंदाबाद के नारों के साथ गूंज उठा। मुख्यमंत्री ने भी गाड़ी के दरवाजे पर खड़े हो हाथ हिलाकर समर्थकों का अभिवादन किया। मुख्यमंत्री बघेल के लौटने को लेकर कार्यकर्ताओं में उत्साह है। स्वामी विवेकानंद एयरपोर्ट से लेकर रायपुर की तमाम सड़कों पर उनके स्वागत की तैयारी है।
ख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कार्यकर्ताओं का उत्साह देखते हुए कहा कि यह हमारी प्रसन्नता है और कार्यकर्ताओं की भावना है। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ की जनता का प्यार कम नहीं हुआ है, यह लगातार बढ़ता जा रहा है। राहुल गांधी से दिल्ली में हुई बातों को लेकर उन्होंने कहा कि सिर्फ यह मुलाकात थी। इसमें राजनीति, लोग और विकास योजनाओं पर चर्चा हुई है।
सीएम ने कहा, कार्यकर्ताओं की भावनाओं के साथ दिए गए निमंत्रण पर राहुल गांधी अगले सप्ताह छत्तीसगढ़ आएंगे। वह यहां पर दो दिन रुकेंगे। इस दौरान उत्तर छत्तीसगढ़ भी जाएंगे। महिलाओं, ग्रामीणों, किसानों और आदिवासियों के लिए जो काम किया गया, उसे देखेंगे। लोगों से बातें करेंगे। इसके बाद छत्तीसगढ़ के इस मॉडल को पूरे हिंदुस्तान के सामने लेकर जाएंगे।
ख्यमंत्री के साथ दिल्ली से विशेष विमान में मंत्री और 46 विधायक भी पहुंचे हैं। उनके बाहर निकलते ही समर्थकों ने नारे लगाए कि दिल्ली से आई है आवाज, भूपेश बघेल जिंदाबाद। यह ऐसा ही उत्साह है, जैसा उनके पहली बार मुख्यमंत्री चुने जाने के बाद था। इसके साथ ही एक बार फिर शक्ति प्रदर्शन की तैयारी कर ली गई है। इसके लिए करीब डेढ़ से 2 हजार बाइक सवार मौजूद हैं। जो काफिले के साथ अलग-अलग जगह से शामिल होते जाएंगे।









