Sunday, April 12, 2026

इनामी माओवादी कमांडर की हत्या, आत्मसमर्पण की तैयारी बनी वजह

सुकमा/ओडिशा। ओडिशा में माओवादी हिंसा से जुड़ा एक सनसनीखेज मामला सामने आया है। 22 लाख रुपये के इनामी माओवादी कमांडर अन्वेष उर्फ रेनू की कथित तौर पर उसके ही संगठन के वांछित नेता ने हत्या कर दी। पुलिस सूत्रों के अनुसार, अन्वेष पुलिस के समक्ष आत्मसमर्पण की तैयारी कर रहा था, इसी आशंका में उसे मार दिया गया।

पुलिस के मुताबिक, कंधमाल जिला के डारिंगबाड़ी थाना क्षेत्र अंतर्गत पाकरी आरक्षित वन इलाके से अन्वेष का क्षत-विक्षत शव कब्र से बरामद किया गया। बुधवार को शव की खुदाई के बाद इलाके में हड़कंप मच गया।

कंधमाल के पुलिस अधीक्षक हरीश बीसी ने मीडिया को बताया कि प्रारंभिक जांच में यह पुष्टि हुई है कि राज्य के वांछित नक्सली नेता सुक्रू और उसके साथियों ने अन्वेष की हत्या उस समय कर दी, जब वह कुछ अन्य माओवादियों के साथ पुलिस के सामने आत्मसमर्पण की योजना बना रहा था।

पुलिस ने बताया कि अन्वेष मूल रूप से सुकमा जिला (छत्तीसगढ़) का निवासी था। वह केकेबीएन (कालाहांडी–कंधमाल–बौध–नयागढ़) डिवीजन का डिविजनल कमेटी सदस्य (DVCM) और सैन्य प्लाटून कमांडर था। उस पर 22 लाख रुपये का इनाम घोषित था और वह लंबे समय से सुरक्षा एजेंसियों की मोस्ट वांटेड सूची में शामिल था।

आत्मसमर्पण से पहले ‘संगठन का संदेह’

पुलिस सूत्रों का कहना है कि संगठन को अन्वेष के आत्मसमर्पण की भनक लग गई थी। इसके बाद उस पर “विश्वासघात” का आरोप लगाते हुए उसकी हत्या कर दी गई। माओवादी संगठनों में आत्मसमर्पण की कोशिश करने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई के ऐसे मामले पहले भी सामने आ चुके हैं।

जांच तेज, सुरक्षा एजेंसियां सतर्क

घटना के बाद पुलिस और सुरक्षा बलों ने इलाके में सर्च ऑपरेशन तेज कर दिया है। हत्या में शामिल अन्य माओवादियों की पहचान और गिरफ्तारी के प्रयास जारी हैं।