Sunday, March 29, 2026

डेडलाइन से पहले कांकेर नक्सल मुक्त: DVCM चंदर और रूपी समेत 19 नक्सली करेंगे आत्मसमर्पण

कांकेर। उत्तर बस्तर का कांकेर जिला तय समय-सीमा से पहले नक्सल मुक्त होने की दिशा में तेजी से बढ़ रहा है। जिले में सक्रिय बचे 19 नक्सली आज आत्मसमर्पण करने जा रहे हैं। इनमें डीवीसीएम चंदर और एसीएम रूपी समेत परतापुर एरिया कमेटी के सदस्य शामिल हैं। इनके सरेंडर के साथ ही कांकेर के पूरी तरह नक्सल मुक्त होने की संभावना जताई जा रही है।

जानकारी के अनुसार, ये सभी नक्सली अबूझमाड़ और कांकेर के घने जंगली इलाकों में छिपे हुए थे और कोइलीबेड़ा मार्ग से जिला मुख्यालय पहुंचकर आत्मसमर्पण करेंगे।

 विजय रेड्डी की पत्नी रूपी भी करेगी सरेंडर
आत्मसमर्पण करने वालों में महिला नक्सली रूपी का नाम प्रमुख है, जो स्टेट कमेटी मेंबर (SCM) विजय रेड्डी की पत्नी है। विजय रेड्डी पहले राजनांदगांव और बाद में मोहला-मानपुर-चौकी जिले में हुई मुठभेड़ों में मारा गया था।

सूत्रों के मुताबिक, रूपी अब तक नक्सलियों को आत्मसमर्पण से रोकने में अहम भूमिका निभा रही थी, लेकिन अब वह भी मुख्यधारा में लौटने जा रही है।

 सुरक्षाबलों के दबाव में टूट रहा नक्सल नेटवर्क
पिछले कुछ दिनों में कांकेर में नक्सलियों के आत्मसमर्पण की रफ्तार तेज हुई है। बीते दो दिनों में ही 6 नक्सलियों ने सरेंडर किया है, जिनमें आरकेबी डिवीजन के 5 और डीवीसीएम रैंक की एक महिला नक्सली शामिल है।

सुरक्षाबलों के लगातार अभियान और बढ़ते दबाव के चलते उत्तर बस्तर क्षेत्र में नक्सल संगठन कमजोर पड़ गया है, जिसके चलते बड़ी संख्या में नक्सली आत्मसमर्पण कर रहे हैं।