Saturday, July 4, 2026

निशांक राठौर की मौत की गुत्थी सुलझी, खुद की थी ‘सिर तन से जुदा’ वाली पोस्ट, इसके बाद ट्रेन से कटकर दी जान, PM Report में हुए कई चौंकाने वाले खुलासे

रायसेन। निशांक राठौर की मौत (Nishank Rathore Death Case) की गुत्थी सुलझाने का दावा SIT (Special Investigation Team) ने किया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में आत्महत्या की बात सामने आई है। भोपाल के बीटेक स्टूडेंट निशांक राठौर की पोस्टमार्टम रिपोर्ट (Nishank Rathore Post Mortem Report) में खुलासा हुआ है कि उसकी मौत ट्रेन से पैर कटने के बाद अधिक खून बह जाने (Nishank Death due to heavy bleeding) की वजह हुई थी। रिपोर्ट में बताया गया है कि छात्र के शरीर पर किसी रस्सी या तार से बांधे जाने के निशान नहीं मिले हैं। निशांक राठौर ने आत्महत्या करने से पहले खुद ही ‘सिर तन से जुदा’ वाली पोस्ट की थी। इसके बाद ट्रेन से कटकर जान दे दी थी।

एसआईटी की जांच में यह बात सामने आई है कि दो सालों में निशांक केवल 28 दिन ही कॉलेज गया था। वह ड्रग एडिक्ट हो चुका था, जिसके चलते उसने मोबाइल ऐप और सभी दोस्तों से रुपए उधार लिए थे। निशांक राठौर की मौत के मामले में क्रिप्टोकरेंसी में भी पैसे लगा रखे थे।

बरखेड़ा ट्रेक पर मिले निशांक राठौर आत्महत्या मामले में गठित SIT के प्रमुख रायसेन के एडिशनल एसपी अमृत मीणा ने बताया है कि भोपाल के बीटेक स्टूडेंट निशांक राठौर की मौत ट्रेन से पैर कटने के बाद हैवी ब्लीडिंग से हुई थी। ट्रेन के नीचे आने के बाद वह पहियों में फंसकर 5 से 7 फीट तक घिसटा भी था। इससे उसके उसके पेट और पीठ पर खरोंच के निशान बने थे। हालांकि पसलियों और पेट के अंदरूनी अंगों में भी ब्लीडिंग हो गई। इसके बाद वह शॉक में चला गया और कुछ मिनटों में ही उसकी मौत हो गई। यह बात पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में सामने आई है। जिसे एम्स (ऑल इंडिया इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेस) भोपाल के फोरेंसिक एक्सपर्ट ने तैयार किया है।

मीणा ने बताया कि निशांक की पोस्टमार्टम रिपोर्ट शनिवार को मिली थी। छात्र की मौत की वजह शरीर के वाइटल ऑर्गन (पसली, लिवर, स्पिलन, किडनी) में चोट और पैर से हैवी ब्लीडिंग होना बताई गई है। साथ ही रिपोर्ट में बताया गया है कि छात्र के शरीर पर किसी तरह के बांधे जाने के निशान नहीं मिले हैं। एडिशनल एसपी अमृत मीणा ने बताया कि ‘सिर तन से जुदा…’ वाला मैसेज भी निशांक ने खुद ही मोबाइल में इंटरनेट पर पोस्ट किया था। यह कोट, छात्र ने कई बार सर्च किया था। इसका खुलासा छात्र के मोबाइल की फॉरेसिंक जांच रिपोर्ट में हुआ है। मोबाइल निशांक ही ऑपरेट कर रहा था? इसकी पुष्टि मोबाइल के स्क्रीन लॉक को खोलने की जांच में हुई है। मोबाइल का लॉक, निशांक के फिंगर प्रिंट से ही खोला गया था, जो कि मोबाइल के घटना के पहले और घटना के समय छात्र के ही पास होने की पुष्टि कर रहा है। निशांक ने विभिन्न लोन देने वाली कंपनियों तथा अपने दोस्तों से काफी कर्ज ले रखा था। इसी को लेकर वह तनाव में था। इसी तनाव में उसने सुसाइड करने का फैसला ले लिया।

रायसेन जिले के बरखेड़ा स्टेशन मास्टर की सूचना पर रायसेन पुलिस ने रविवार रात रेलवे ट्रैक से एक अज्ञात युवक का शव बरामद किया था। जिसकी पहचान सिवनी मालवा निवासी निशांक राठौर के रूप में हुई थ। वह भोपाल के ओरियंटल कॉलेज में बीटेक 5th सेमेस्टर का स्टूडेंट था। मृतक छात्र दो बहनों का इकलौता भाई था। रविवार को वह किराए पर एक स्कूटी लेकर परीक्षा देने आई अपनी बहन से मिलने निकला था, लेकिन वह अपनी बहन से मिला नहीं था। शाम को उसके मोबाइल से एक मैसेजे उसके पिता उमाशंकर राठौर और उसके कुछ दोस्तों के पास आया था। इसमें स्टूडेंट की फोटो है। इस फोटो पर लिखा है, ”गुस्ताख-ए-नबी की एक ही सजा, सिर तन से जुदा…”