Thursday, October 1, 2026

साधु बनकर आए 3 लोगों ने महिला से ठगे 15 तोला सोने के जेवर और 9 हजार रुपए, अनहोनी का डर दिखाकर रखा चुप

रायपुर। राजधानी के फाफाडीह इलाके में साधु के वेश में पहुंचे तीन लोगों ने बीमारी और पारिवारिक परेशानियां दूर करने का झांसा देकर एक महिला से करीब 15 तोला (150 ग्राम) सोने के जेवर और 9 हजार रुपए नकद ठग लिए। आरोपियों ने पूजा-पाठ के नाम पर महिला से अलग-अलग समय में जेवर लिए और घटना किसी को बताने पर परिवार में अनहोनी होने का डर दिखाया। मामले में गंज थाना पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।

बीमारी और आंखों की परेशानी बताकर जीता भरोसा

पुलिस के मुताबिक, जयलक्ष्मी कॉम्प्लेक्स निवासी जसवंत परमार की पत्नी नैना से मार्च 2026 में तीन साधुओं ने संपर्क किया था। आरोपियों में से एक ने महिला की बीमारी और आंखों की परेशानी से जुड़ी कुछ ऐसी बातें बताईं, जो सही निकलीं। इसके बाद महिला को आरोपियों पर भरोसा हो गया।

तीनों ने पूजा-पाठ के जरिए बीमारी और पारिवारिक परेशानियां दूर करने का दावा किया और महिला को अपने झांसे में ले लिया।

धीरे-धीरे घर से लेते गए सोने के जेवर

आरोपियों ने पहली बार पूजा के नाम पर करीब 3 ग्राम की सोने की अंगूठी और 9 हजार रुपए लिए। इसके करीब 10-12 दिन बाद वे महिला से 5 ग्राम की सोने की चेन ले गए।

इसके बाद भी आरोपी कुछ अंतराल पर महिला के घर आते रहे और पूजा-पाठ के नाम पर अलग-अलग जेवर लेते रहे। इस तरह उनके पास करीब 150 ग्राम सोने के जेवर पहुंच गए।

परिवार में अनहोनी का डर दिखाकर रखा चुप

आरोपियों ने महिला को धमकी दी कि यदि उसने जेवर देने की बात किसी को बताई तो परिवार में किसी की मौत हो सकती है या कोई बड़ी अनहोनी हो जाएगी। डर के कारण महिला ने कई महीनों तक घटना की जानकारी अपने परिवार को नहीं दी।

पुलिस के अनुसार, 7 सितंबर से आरोपी महिला को लगातार फोन कर और जेवर व नकदी की मांग करने लगे। इसके बाद महिला को ठगी का संदेह हुआ।

पति को बताने के बाद थाने पहुंचा मामला

25 सितंबर की रात महिला ने अपने पति जसवंत परमार को पूरी घटना की जानकारी दी। इसके बाद दोनों ने गंज थाने पहुंचकर शिकायत दर्ज कराई।

पुलिस ने मामले में BNS की धारा 318(4) और 3(5) के तहत अपराध दर्ज किया है। पुलिस महिला के पास आए फोन कॉल्स और अन्य सुरागों के आधार पर आरोपियों की पहचान और तलाश में जुटी है। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि तीनों आरोपी किसी संगठित गिरोह से जुड़े हैं या नहीं।