
बिलासपुर. धर्म संसद में राष्ट्रपिता महात्मा गांधी को लेकर जुबानी जंग अब सियासी गलियारे तक पहुँच चुका है. बापू पर हो रहे बवाल में अब नेता प्रतिपक्ष धरमलाल कौशिक भी कूद पड़े हैं. नेता प्रतिपक्ष धरमलाल कौशिक का बड़ा बयान सामने आया है. कालीचरण महाराज के बयान और एफआईआर पर धरमलाल कौशिक ने कहा कि जिस प्रकार से धर्म संसद बुलाये गए. बुलाने के बाद में किसी का नियंत्रण नहीं था. वैसे भी साधु-संत आते हैं. अपनी मन की बात रखते हैं. आयोजन समिति को विषयवस्तु का निर्धारण करना चाहिए था. हम लोग तो महात्मा गांधी जी के अनुयायी हैं. महात्मा गांधी राष्ट्रपिता हैं. हम सब उन्हें मानते आ रहे हैं और मानते रहेंगे. धरमलाल कौशिक ने आगे कहा कि जिनको जो बोलना है बोलकर चले गए हैं. FIR से शब्द वापस नहीं होंगे. निंदा करने से भी शब्द वापस नहीं होंगे.







