केरल.गैर-बैंकिंग वित्तीय कंपनी मणप्पुरम वित्त प्रवर्तन निदेशालय के निशाने पर है. प्रवर्तन निदेशालय ने मनी लॉन्ड्रिंग मामले में मणप्पुरम फाइनेंस के कार्यालय और परिसर में बुधवार को छापेमारी की. इस दौरान ईडी ने कई तरह के दस्तावेजों समेत अहम बातों की जांच की है. बता दें कि बीते दिनों 28,000 करोड़ रुपये के विदेशी निवेश में अनियमितता को लेकर प्रवर्तन निदेशालय ने एडटेक फर्म बायजूज के कई ठिकानों पर छापेमारी की थी.वहीं ईडी की छापेमारी का असर कंपनी के शेयरों पर देखने को मिला, जो बुधवार दोपहर 15 फीसदी गिरकर 113.75 रुपये प्रति शेयर पर आ गया. जबकि, शेयर सुबह 129.65 रुपये के भाव के साथ मजबूती के साथ खुला।
प्रवर्तन निदेशालय ने बुधवार को मनी लॉन्ड्रिंग जांच के सिलसिले में गैर-बैंकिंग वित्त कंपनी मणप्पुरम फाइनेंस के केरल में स्थित कई परिसरों की तलाशी ली। अधिकारियों ने कहा कि भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के दिशा-निर्देशों का उल्लंघन करते हुए कंपनी पर 150 करोड़ रुपये से अधिक की सार्वजनिक जमा राशि की जांच की जा रही है।
अधिकारियों ने बताया कि त्रिशूर में कंपनी के मुख्यालय और इसके प्रवर्तकों के कार्यालय सहित कुल चार परिसरों की तलाशी ली जा रही है। उन्होंने बताया कि कंपनी द्वारा वसूली गई राशि से संबंधित साक्ष्य जुटाने के लिए छापेमारी कर जांच की जा रही है. हालांकि, मणप्पुरम फाइनेंस की ओर से इस संबंध में कोई बयान जारी नहीं किया गया है।
ईडी मणप्पुरम फाइनेंस के अधिकारियों के बयान ले सकता है
सूत्रों के मुताबिक, प्रवर्तन निदेशालय को कंपनी द्वारा बड़े पैमाने पर नकद लेन-देन का संदेह है और वह इस संदर्भ में दस्तावेज एकत्र करने और कंपनी के अधिकारियों के बयान दर्ज करने पर विचार कर रहा है। वहीं ईडी की इस छापेमारी से मणप्पुरम फाइनेंस के अधिकारियों में हड़कंप मच गया है.











