बालोद जिले के गुंडरदेही विधानसभा क्षेत्र के पूर्व विधायक राजेंद्र कुमार राय बीजेपी से इस्तीफा देकर दूसरी बार जनता कांग्रेस छत्तीसगढ़ (जोगी) पार्टी में शामिल हो गए हैं। जेसीसीजे ने उन्हें दूसरी बार पार्टी से उम्मीदवार भी बनाया है।
कांग्रेस से लेकर जेसीसीजे और भाजपा तक का सफर तय कर चुके पूर्व विधायक राजेंद्र कुमार राय अब फिर से जोगी कांग्रेसी हो चुके हैं। उन्होंने बीजेपी पर आदिवासी नेता की उपेक्षा का आरोप लगाते हुए बुधवार को अपना इस्तीफा पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष अरुण साव को सौंपा।

जानिए राजेंद्र राय का संक्षिप्त राजनैतिक परिचय
पूर्व विधायक राजेंद्र राय राजपरिवार के वंशज हैं। उन्होंने वर्ष 2011 में डीएसपी के पद से इस्तीफा दिया। उन्होंने 2013 में कांग्रेस के टिकट पर चुनाव लड़ा और जीतकर विधायक बने। उन्होंने 72,720 वोट हासिल किए थे और भाजपा प्रत्याशी वीरेंद्र साहू को 21 हजार 280 वोट के अंतर से हराया था। इसके बाद जब पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी ने कांग्रेस से अलग होकर अपनी पार्टी JCCJ बनाई, तो वे इसमें शामिल हो गए।
भाजपा से थी टिकट की उम्मीद
ठीक चुनाव के समय भाजपा से इस्तीफा देने का सीधा मतलब ये है कि उन्होंने टिकट की उम्मीद लगा रखी थी, लेकिन भाजपा ने उन्हें टिकट नहीं दिया। इससे नाराज राजेंद्र राय ने बीजेपी से इस्तीफा दे दिया और जेसीसीजे में शामिल हो गए। अब वे गुंडरदेही से जेसीसीजे प्रत्याशी बनाए गए हैं।
कोई जातिगत समीकरण नहीं आता है काम
गुंडरदेही विधानसभा एक ऐसी सीट है, जहां साहू समाज से वीरेंद्र साहू भी विधायक रहे। वर्तमान में निषाद समाज से कुंवर सिंह निषाद विधायक हैं। कंवर आदिवासी समाज से राजेंद्र राय को भी जनता ने विधायक बनने का मौका दिया था। यहां कोई जातिगत समीकरण काम नहीं आता है।
एक नजर में 2013 का चुनाव परिणाम
राजेंद्र कुमार राय (आईएनसी) 72,770 वोट
वीरेन्द्र कुमार साहू (बीजेपी) 51,490 वोट
2018 में हुए विधानसभा चुनाव का परिणाम
कुंवर सिंह निषाद (आईएनसी)1,10,369 वोट
दीपक साहू (भाजपा) 54,975 वोट
राजेंद्र कुमार राय (जेसीसीजे) 8,648 वोट










