कोरबा । शहर में करीब एक दशक पहले मिशन रोड को अतिक्रमण से मुक्त कराते हुए सुगम यातायात व्यवस्था के लिए योजना बनाई गयी थी। जिसके तहत सर्वमंगला चौक जाने वाले मार्ग पर हसदेव नदी के पास फल मार्केट खोलने की तैयारी की जा रही थी। लेकिन नगर निगम में सत्ता परिवर्तन के बाद योजना ठंडे बस्ते में चली गई। जिसके कारण यह मार्ग आज भी फल-ठेलों के कब्जे में है। शहर से सर्वमंगला चौक की ओर जाने वाले मुख्य मार्ग मिशन रोड पर करीब दो दशक से ठेला-गुमटी वालों ने अतिक्रमण कर रखा हैं। यहाँ एक ओर रेलवे ट्रैक और दूसरी ओर दुकानों के बीच मौजूद सडक़ किनारे एक कतार में फल मार्केट की तरह ठेले सुबह से सज जाते हैं, जो देर तक तक मौजूद रहते हैं। उन्हें देखकर अब अन्य दुकाने भी सजने लगी है। इससे संकरी हो चुकी सडक़ पर गुजरते समय राहगीर इन ठेले-गुमटी में खरीदारी के लिए अपनी वाहनों को रोक देते हैं। इस कारण मिशन रोड पर सुबह व शाम को व्यस्ततम समय पर जाम की स्थिति निर्मित होती है।
खासकर नवरात्रि व विशेष पूजा के दिन सर्वमंगला मंदिर जाने वालों की भीड़ के बीच फलों की खरीदी से ऐसा जाम लगता है कि राहगीर हलाकान हो जाते हैं। अतिक्रमण को हटवाने की जिम्मेदारी नगर निगम के तोड़ू दस्ता की है, लेकिन विभाग ने कभी भी इसके लिए अभियान नहीं चलाया।











