Tuesday, March 31, 2026

धीरेंद्र शास्त्री की कथा में ‘विवाद’ का तड़का’ रायपुर के बसंत अग्रवाल की मनमानी से भड़के स्थानीय आयोजक, जमकर हुई धक्का-मुक्की

कोरबा (बांकीमोगरा)। कोरबा जिले के ग्राम ढपढप में बागेश्वर धाम के पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री की ‘श्री हनुमंत कथा’ का आयोजन बड़े पैमाने पर किया जा रहा है। जहां एक ओर श्रद्धालु भक्ति के सागर में डूबे हैं, वहीं दूसरी ओर कथा के मैनेजमेंट को लेकर पर्दे के पीछे गहरा तनाव चल रहा है। खबर है कि पंडित धीरेंद्र शास्त्री के करीबियों में शामिल और छत्तीसगढ़ में कथा की ‘फ्रेंचाइजी’ लेने वाले बसंत अग्रवाल की कार्यप्रणाली से स्थानीय आयोजकों में भारी नाराजगी है।

जानकारी के अनुसार, रविवार रात अग्रसेन भवन में बसंत अग्रवाल और कार्यक्रम के मुख्य संयोजक अमरजीत सिंह के बीच किसी बात को लेकर तीखी नोकझोंक हो गई। बात इतनी बढ़ गई कि दोनों के बीच धक्का-मुक्की की नौबत आ गई। सोमवार की रात भी इसी तरह के तनाव की खबरें सामने आई हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि मैनेजमेंट के नाम पर स्थानीय कार्यकर्ताओं को हतोत्साहित किया जा रहा है।

कौन हैं बसंत अग्रवाल? राजधानी रायपुर के रहने वाले बसंत अग्रवाल को धीरेंद्र शास्त्री का बेहद करीबी माना जाता है। उन पर आरोप लग रहे हैं कि वे इस करीबी का फायदा उठाकर स्थानीय आयोजकों पर अपनी मर्जी थोप रहे हैं। चर्चा यह भी है कि रायपुर और आसपास के इलाकों में उन्हें ‘भू-माफिया’ के तौर पर प्रचारित किया जाता रहा है, और अब कथा के नाम पर उनकी मनमानी से कोरबा के स्थानीय कार्यकर्ताओं का सब्र जवाब दे रहा है।

श्रद्धा के बीच ‘ईगो’ की लड़ाई स्थानीय कार्यकर्ताओं का आरोप है कि वे महीनों से इस आयोजन की तैयारी में दिन-रात एक कर रहे हैं, लेकिन बाहरी मैनेजमेंट आकर उनके साथ नाइंसाफी कर रहा है। अमरजीत सिंह और अन्य सहयोगियों के साथ किए गए दुर्व्यवहार से कथा की व्यवस्थाओं पर भी असर पड़ने की आशंका है।

विवाद की वजह: कहा जा रहा है कि आयोजन से जुड़े वित्तीय फैसलों और श्रेय लेने की होड़ में बाहरी मैनेजमेंट स्थानीय टीम को दबाने की कोशिश कर रहा है, जिसके चलते विवाद गहराता जा रहा है।