Sunday, March 15, 2026

Health Tips: फिटकरी के सेवन से कोरोना से बचाव सिर्फ एक फर्जी दावा, नहीं है कोई वैज्ञानिक आधार


एक वीडियो में यह दावा किया गया है कि फिटकिरी (Alum) के पानी से कुल्‍ला किया जाए तो कोरोना संक्रमित व्‍यक्ति स्‍वस्‍थ हो सकता है। लेकिन पीआइबी (PIB) ने इस दावे को बिलकुल फर्जी (Fake) करार दिया है।

सोशल मीडिया पर इन दिनों एक वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है जिसमें दावा किया जा रहा है कि फिटकरी (Alum) के पानी के सेवन से कोरोना (Corona) संक्रमण से बचा जा सकता है। इस वीडियो के वायरल होने पर कई लोग हैं जो इस दावे को सच मान रहे हैं और घर पर कोरोना से बचाव के लिए इस टोटके का प्रयोग कर रहे हैं। इस वीडियो में यह दावा किया गया है कि अगर फिटकिरी के पानी से कुल्‍ला किया जाए तो संक्रमित व्‍यक्ति भी स्‍वस्‍थ हो सकता है। लेकिन जब पीआइबी ने इसकी पड़ताल की तो पाया कि यह दावा फर्जी है. पीआइबी ने अपने ट्वीटर फैक्‍ट चेक (Fact Check) में यह साफ कहा है कि फिटकिरी को लेकर यह दावा गलत है। पीआइबी ने यह भी कहा है कि लोग कोरोना से संक्रमित होने पर सही इलाज के लिए डॉक्‍टर की सलाह लें।

इस वीडियो में एक बाबा किसी प्रवचन में अपने श्रोताओं को यह बताने की कोशिश कर रहे हैं कि परिवार को संक्रमण से बचाने के‍ लिए वे बाजार में सस्‍ते में उपलब्‍ध फिटकरी को घर लाकर रखें। आगे वे बता रहे हैं कि खाने से पहले ग्‍लास में पानी लें और इसमें फिटकरी को 7 से 8 बार घुमाएं और इस पानी से कुल्‍ला करें। बाबा का कहना है कि दुनिया का कोई भी मंजन, पेस्‍ट आदि इसके सामने फेल हैं। वीडियो में वे कह रहे हैं कि अगर फिटकरी का पानी आपके गले, दांत, मुंह आदि में अच्‍छी तरह लग गया है तो आपको कोरोना वायरस संक्रमित नहीं करेगा।

क्‍या है सच्‍चाई

पीआइबी ने अपने फैक्‍ट चेक में बताया है कि फिटकरी के पानी के सेवन से कोरोना वायरस से बचाव या संक्रमित व्‍यक्ति के स्‍वस्‍थ होने का कोई वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। इसलिए लोग संक्रमण से बचने के लिए डॉक्‍टर की सलाह लें।

हानिकारक भी हो सकता है फिटकरी

फारमेसी.इन के मुताबिक, फिटकरी के अधिक मात्रा में सेवन से सांस लेने में तकलीफ, चेहरे पर दर्द, चुभन और त्वचा पर छोटे-छोटे छाले, छाती और गले में जकड़न और जलन हो सकती है। ऐसे में इसके सेवन से पहले डॉक्‍टर की सलाह बहुत ही जरूरी है।