
knn24news/ चंडीगढ़, IAS के पदों पर IPS अफसरों की नियुक्ति का विवाद गहरा गया है। हरियाणा में मुख्यमंत्री और गृहमंत्री में ठनती दिख रही है। दरअसल हरियाणा में IAS के पदों पर IPS, IRS जैसे अफसरों की नियुक्ति हो रही है। प्रदेश में चार IPS, तीन IFS और एक IRS अफसर ऐसे हैं, जो IAS के पदों पर काम रहे हैं।
मुख्यमंत्री मनोहर खट्टर और सीएम सेक्रेटिएट के अपसरों की दलील है कि वो अच्छे रिजल्ट के लिए इस तरह की नियुक्तियां हुई है। वहीं इस मामले में गृहमंत्री अनिज विज ने जो आदेश दिया था, उसे सरकार ने खारिज कर दिया। दरअसल हरियाणा सरकार ने 1994 बैच के IPS अफसर कला रामचंद्रन को परिवहन विभाग का प्रमुख सचिव बनाया था। कला रामचंद्रन के पहले शत्रुजीत कपूर थे प्रधान सचिव थे, जिन्हें विजिलेंस डीजी बनाकर मूल विभाग में भेज दिया गया है।
कला रामचंद्रन को परिवहन विभाग में प्रिसिपल सिकरेट्री का प्रस्ताव गृहमंत्री के पास आया तो उन्होंने उसे DOPT के पास भेजने की अनुशंसा लिख दी। चीफ सिकरेट्री भी इस नियुक्ति को डीओपीटी के पास अनुमति के लिए भेजने के पक्ष में थे, लेकिन मुख्यमंत्री ने सभी को दरकिनार कर कला रामचंद्रन की नियुक्ति प्रधान सचिव के पद पर कर दी। इस आदेश से आईपीएस लॉबी तो खुश है, लेकिन आईएएस लॉबी बेहद निराश।
इस नियुक्ति के बाद गृहमंत्री अनिल ने खुली नाराजगी जतायी, उन्होंने कहा कि इस नियुक्ति के लिए डीओपीटी से अनुमति लेनी चाहिये थी, लेकिन मेरी अनुशंसा और सलाह को मुख्यमंत्री ने ओवर रूल कर दिया, मुख्यमंत्री सर्वेसर्वा हैं, वो कर सकते हैं ।









