Sunday, October 18, 2026

Korba Medical College : मरीजों की डाइट सर्विस के नाम पर खेला गया 2 करोड़ का खेल, मनपसंद ठेकेदार को फायदा देने की तैयारी

Korba Medical College , कोरबा। छत्तीसगढ़ के कोरबा स्थित शासकीय मेडिकल कॉलेज अस्पताल एक बार फिर विवादों के घेरे में आ गया है। इस बार मामला मरीजों को मिलने वाली डाइट सर्विस से जुड़ा है, जहां करीब 2 करोड़ रुपये के टेंडर में गंभीर अनियमितताओं और नियमों के दुरुपयोग के आरोप सामने आए हैं। आरोप है कि GeM पोर्टल पर टेंडर प्रक्रिया को महज औपचारिकता बनाकर एक मनपसंद ठेकेदार को लाभ पहुंचाने की तैयारी की गई है।  यह कार्य पिछले दो वर्षों से एक्सटेंशन के आधार पर संचालित हो रहा था, लेकिन नए टेंडर में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के बजाय पहले से तय कंपनी को फायदा पहुंचाने की कोशिश की जा रही है।

शर्तों में हेरफेर का आरोप

सूत्रों का कहना है कि टेंडर की शर्तें इस तरह से तैयार की गई हैं, जिससे अधिकांश स्थानीय या योग्य एजेंसियां तकनीकी आधार पर बाहर हो जाएं। वहीं, जिस ठेकेदार को पहले से काम मिला हुआ है, वही इन शर्तों पर आसानी से खरा उतर रहा है। इससे यह संदेह गहराता जा रहा है कि पूरी प्रक्रिया पहले से तय स्क्रिप्ट के तहत आगे बढ़ाई जा रही है।

मरीजों की सेहत से खिलवाड़?

मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती मरीजों के लिए डाइट सर्विस बेहद संवेदनशील सेवा मानी जाती है। आरोप है कि यदि ठेका गुणवत्ता के बजाय साठगांठ के आधार पर दिया गया, तो इसका सीधा असर मरीजों के स्वास्थ्य पर पड़ेगा।

प्रशासन की चुप्पी सवालों के घेरे में

पूरा मामला सामने आने के बावजूद मेडिकल कॉलेज प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग की ओर से अब तक कोई स्पष्ट जवाब नहीं आया है। न ही यह बताया गया है कि टेंडर प्रक्रिया में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए क्या कदम उठाए गए हैं। प्रशासन की यह चुप्पी अब संदेह को और गहरा कर रही है।