
दुर्ग.छत्तीसगढ़ की पहली महिला अग्निवीर हिशा बघेल रविवार को अपने गांव बोरीगारका पहुंची। पिता की अंतिम इच्छा पूरी करने के लिए हिशा का भाई दुर्ग स्टेशन पहुंचकर बहन को गाड़ी बैठाकर लाया। और फिर पूरे गांव में रोड शो किया गया। इस दौरान ग्रामीणों ने भी उनका जोरदार स्वागत किया।
गाड़ी से उतरकर हिशा परेड करते हुए अपने घर की दहलीज पर पहुंचते ही मां से गले लगकर रोने लगी। पिता की फोटो पर माला चढ़ाकर उन्हें सैल्यूट किया। दरअसल हिशा के पिता ऑटो चालक थे, कैंसर की बीमारी से उनका निधन हो गया था। घर वालों ने पिता की मौत की खबर बेटी से छिपाकर रखी थी। जब हिशा अपने गांव पहुंची तब पता चला कि, उनके पिता इस दुनिया में नहीं हैं।








