अफगानिस्तान में करीब 1 महीने से चल रही उठापटक के बीच कॉलेज और यूनिवर्सिटी में पढ़ाई शुरू हो गई है। तालिबान ने लड़कियों को पढ़ाई करने की इजाजत तो दी है, लेकिन उन्हें कड़ी पाबंदियों से भी गुजरना पड़ रहा है।
सोमवार को मजार ए शरीफ में स्थित इब्न ए सिना यूनिवर्सिटी की फोटो सामने आई है। इसमें क्लास को पर्दे के जरिए 2 भागों में बांट दिया गया है। एक तरफ लड़के बैठे हुए हैं और दूसरी तरफ लड़कियां।
अफगानिस्तान में तालिबानी राज से पहले कम ही महिलाएं सड़कों पर बुर्का और नकाब पहने नजर आती थीं। अब, तालिबान के कब्जे के बाद, करीब-करीब सभी महिलाएं इसे पहनने लगी हैं। तालिबान ने महिलाओं से ऐसे नकाब पहनने के लिए कहा है जिसमें चेहरे का ज्यादातर भाग कवर हो जाए।
तालिबान ने 15 अगस्त को काबुल पर कब्जा करने के बाद ही लड़कियों की शिक्षा को लेकर कुछ आदेश दिए थे। आदेश के मुताबिक लड़के और लड़कियां एक ही क्लास में बैठकर पढ़ाई नहीं कर सकते। आदेश में कहा गया था कि कॉलेज-यूनिवर्सिटी को लड़के और लड़कियों के लिए अलग क्लास रखनी होगी।लड़कियों को सिर्फ महिला टीचर ही पढ़ा सकेंगी। इसलिए महिला टीचर की भर्ती करनी होगी। ऐसा न होने की स्थिति में बुजुर्ग पुरुष शिक्षक लड़कियों को पढ़ा सकता है, लेकिन इससे पहले उसका रिकॉर्ड अच्छे से चेक करना होगा।