Thursday, August 20, 2026

पत्थर्रीपारा में जिले की सबसे बड़ा भोजली महोत्सव संपन्न,  वर्षों पुरानी छत्तीसगढ़ की परंपराओं को जीवित रखे हुए है आयोजन समिति, कहा वरिष्ठ भाजपा नेता केदारनाथ अग्रवाल ने 

कोरबा छत्तीसगढ़ का पारंपरिक लोक पर्व भोजली महोत्सव कोरबा जिले के विभिन्न स्थानों पर बहुत ही हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। उक्त भोजली पर्व की शुरूवात नाग पंचमी के दिन से प्रारंभ हो जाती है इस दिन माताएं व बहने के द्वारा समूह में भोजली लगाया जाता है। उक्त पर्व का वर्षों पुरानी यह मान्यता रहा है कि उक्त पर्व मनाने से गांव शहर एवं कॉलोनी सहित में सुख शांति बनी रहती है साथ ही फसल की अच्छी पैदावार हो इसी उद्देश्य से उक्त पर्व समूचे छत्तीसगढ़ राज्य ही बहुत ही उल्लास से मनाया जाता है साथ ही इस पर्व की शुरूवात के 10 दिन बाद भोजली दाई की विसर्जन किया जाता है। इस दिन ग्रामीण क्षेत्र सहित शहरी क्षेत्र में भी “भोजली मितान” बढ़ने की परंपरा रही है। इन समस्त परंपराओं का निर्वहन करते हुए विगत 15 वर्षों से निरंतर भोजली महोत्सव का कार्यक्रम पत्थरीपारा वार्ड नं. 17 सीएसईबी कालोनी कोरवा पूर्व इंदिरा चौक नगर पालिक निगम क्षेत्र कोरबा में मनाया जाता है। इस वर्ष वार्ड नं. 17. 18, 19 एवं पत्थरीपारा आरामशीन, कांशीनगर, बुधवारी राठौर मोहल्ला, डबरीपारा, अंचरीकछार, मानस नगर, रामपुर में हजारों की तादाद में माताएं व बहने भोजली दाई की स्थापना अपने कॉलोनी एवं मोहल्ले में किए थे जिसे रक्षा बंधन की सुबह 12 अगस्त को मुख्य कार्यक्रम स्थल पत्थरीपारा पूजा पंडाल में सभी भोजली दल उपस्थित हुए एवं भोजली दाई की महाआरती किया गया उक्त कार्यक्रम में कोरबा नगर के वरिष्ठ समाजसेवी एवं भाजपा नेता केदारनाथ अग्रवाल मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित थे। साथ ही कार्यक्रम की अध्यक्षता आयोजन समिति के प्रमुख मनी राम जांगड़े ने एवं विशिष्ट अतिथि के रूप में पत्थरीपारा के वार्ड पार्षद श्रीमती सुनीता राठौर एवं वार्ड नंबर 18 के पार्षद श्री चंद्रलोक सिंह रहे आगंतुक अतिथियों एवं आयोजन समिति के सभी प्रमुख पदाधिकारी के साथ ही महिला समिति के माता-बहनों द्वारा भोजली दाई की महाआरती किया गया। तत्पश्चात् विसर्जन के लिए डेंगूर नाला नदी में प्रस्थान किए।
उक्त कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित श्री केदारनाथ अग्रवाल ने हजारों के तादाद में उपस्थित समस्त माता बहनों एवं कॉलानीवासियों को संबोधित करते हुए कहा कि चाहे गणेश पूजा हो भोजली उत्सव दुर्गा पूजा, सरस्वती पूजा, हरेली पर्व को आप सभी आयोजन समिति के पदाधिकारियों के साथ ही वरष्ठि नागरिकों द्वारा बहुत ही श्रद्धा से विगत 15 वर्षों से कार्यक्रम आयोजित करते आ रहे है। निश्चत रूप से आप सभी वार्डवासी बधाई के पात्र है जो कि हमारे छत्तीसगढ़ की धरोहर एवं पारपिरक लोक पर्व को जीवित रखने में आप सभी की सहभागिता बहुत ही सराहनीय है। मुझे आप लोगों के द्वारा प्रतिवर्ष यहाँ आयोजित कार्यक्रम में अतिथि के रूप में आमंत्रित करते है। इसके लिए मैं आप सभी को सधन्यवाद ज्ञापित करता हूँ मै यहाँ आकर महसूस करता हूँ कि उक्त कॉलोनी का मै भी निवासी
उक्त कार्यक्रम को सफल बनाने में आयोजन समिति के मुख्य आयोजक मनीराम जांगड़े, शालिक दास वैष्णव, विशाल, संजय महत, मैनेजर दास, लालाराम लाझेकर, उमाशंकर तिवारी, रामभजन ईश्वरी श्रीवास कर्महा सिदार, सशील ठाकुर, अर्जुन सिदार, दुर्गेश कुमार धीवर यादराम श्रीवास, दिनेश मन्नेवार राजा केशरवानी दिनेश तिवारी जानू राठौर सहित भोजली उत्सव समिति के वरिष्ठ महिला पदाधिकारियों में सर्वश्री अध्यक्ष श्रीमती प्यारी देवी मन्नेवार गुलापी साहू, अनिता चौहान, कौशिल्या सोनी, सावित्री वैष्णव अमरिका साहू, श्रीमती जायसवाल, पूर्णिमा राठौर एवं श्रीमती मिश्रा मैडम जी का सराहनीय योगदान रहा।