Tuesday, August 4, 2026

पहाड़ी कोरवाओ के लिए जिला अस्पताल में स्थापित हुआ हेल्प डेस्क, पिछले दिनों हुई थी कोरवा आदिवासी महिला की मौत, अब मिली सुविधा

कोरबा। विशेष संरक्षित जनजाति पहाड़ी कोरवाओं के मामले में स्वास्थ विभाग अब किसी प्रकार की रिस्क नहीं लेना चाहता। इसलिए इस वर्ग के लोगों की स्वास्थ्य जांच से लेकर उपचार के मामले में सरकारी जिला अस्पताल में विशेष तौर पर हेल्पडेस्क बना दी गई हैं। इन लोगों के यहां पहुंचने के साथ हर तरह की सुविधा देने का काम प्राथमिकता के साथ किया जाएगा।

 

ग्रैंड एशियन न्यूज़ ने पिछले दिनों पहाड़ी कोरवा से संबंधित मुद्दे को लेकर प्रमुखता से खबर प्रकाशित की थी और अधिकारियों का ध्यान इस दिशा में आकर्षित किया था। सतरेंगा गांव की रहने वाली पहाड़ी कोरवा महिला सोनी बाई के पैर में फ्रैक्चर होने पर उसे जिला अस्पताल लाया गया था। यहां पर उपचार देने के बजाय कुछ कर्मचारियों ने महिला को निजी अस्पताल का रास्ता दिखा दिया था। जहां पर आखिरकार उसकी मौत हो गई। इसे लेकर प्रदेश में बखेड़ा खड़ा हो गया था और फौरी तौर पर जांच के बाद जिला अस्पताल में जीवनदीप समिति से काम कर रहे कुछ कर्मचारियों की सेवाएं समाप्त कर दी गई। इस मामले को लेकर जो पहलू सामने आए उसके बाद स्वास्थ विभाग ने खासतौर पर पहाड़ी कोरबा के मामले में कढ़ाई बरतनी शुरू की है। अस्पताल अधीक्षक डॉ गोपाल कंवर ने बताया कि इसलिए घटनाक्रम को ध्यान में रखते हुए पहाड़ी कोरवाओं को सुविधा देने के लिए हेल्प डेस्क बनाई गई है। यहां पर इन लोगों की एंट्री होने के साथ सही जगह पर पहुंचाने से लेकर उपचार की सुविधा दिलाई जाएगी।