Saturday, September 26, 2026

शराब असली है या नकली बताएगा यह मोबाइल एप, सॉफ्टवेयर तैयार

हिमाचल(Himachal) में अवैध शराब (Wine) की बिक्री को लेकर प्रदेश सरकार ने अहम कदम उठाया है। शराब माफियाओं (liquor mafia) पर नकेल कसने के लिए आबकारी एवं कर विभाग ने एक मोबाइल ऐप बनाया है। इस मोबाइल एप के जरिये कोई भी व्यक्ति शराब की बोलत पर बार कोड स्कैन कर उसकी गुणवत्ता परख सकेगा। बार कोड के स्कैन करने के बाद शराब के शौकीनों को उसके असली व नकली होने का तुंरत मालूम चल जाएगा। इस मोबाइल एप (mobile app) के लिए सॉफ्टवेयर (Software) तैयार हो चुका है। आबकारी विभाग (Excise Department) के अधिकारियों की माने तो नई व्यवस्था के तहत शराब की गुणवत्ता जान सकेंगे। उन्होंने शराब की बोतलों को ट्रैक एंड ट्रेस (track and trace) की सुविधा मिल जाएगी। साथ ही माफिया भी पकड़ में जाएंगे। दरअसल, हिमाचल में भी शराब माफियाओं ने अपनी जड़ें जमाई हुई है। यहां भी नकली शराब के मामले सामने आ चुके है। कुछ माह पहले ही मंडी जनपद में शराब पीने से 7 लोगों की मौत हो चुकी है। जिसके बाद राज्य कर एवं आबकारी विभाग एक्टिव हुई और करीब दो साल से ट्रायल मोड पर चल रहे ट्रैक एंड ट्रेस सिस्टम को लागू करने का फैसला लिया है। विभाग के आयुक्त यूनुस ने बताया कि इस मोबाइल एप (mobile app) के जरिये नकली शराब की पूरी डिटेंल सामने आ जाएगी। ग्राहक को बोतल पर लगा हुआ बार कोड स्कैन करना होगा। जिसके बाद शराब के बारे में पूरी डिटेंल फोन पर आ जाएगी। ग्राहक को उस शराब के असली या नकली होने की जानकारी मिल जाएगी। साथ ही नकली शराब होने पर विभागीय अधिकारियों को शिकायत भी कर सकेगा। उन्होंने बताया कि इसके जरिये अवैध शराब (llegal liquor) की बिक्री करने वाले नेक्सस को तोड़ा जा सकता है। शराब के निर्माण का साल, बैच नंबर (Batch number) और कहां उसे बनाया गया है। इसकी जानकारी मिल जाएगी।