Monday, March 16, 2026

शादियों में जुटी भीड़ की वजह से 10 हजार ग्रामीण लॉक; अफवाहों का असर ऐसा कि लोग बोले- महुआ शराब से ठीक होगा कोरोना

knn24news/ छत्तीसगढ़ के बस्तर में नक्सली खतरे के बीच जीने वाले ग्रामीणों के लिए कोरोना महामारी बड़ा कहर बन सकती है। दंतेवाड़ा और बीजापुर गांवों की ग्राउंड रिपोर्ट पर निकली दैनिक भास्कर की टीम ने जो देखा और समझा वो ये बताने को काफी है कि नक्सली इलाकों में ये ग्रामीण किस जोखिम के साथ जी रहे हैं। यहां 5 गांवों को कंटेंटमेंट जोन घोषित कर दिया गया है और इन गांवों की लगभग 8 से 10 हजार की आबादी पूरी तरह से आइसोलेट है।

इसके पीछे की वजह है बेपरवाह होकर शादियों में जाना या किसी की मौत पर गांव वालों की भीड़ का जमा होना। चूंकि गांवों पर हमेशा नक्सलियों के खौफ का साया मंडरा रहा होता है, इस वजह से यहां प्रशासनिक अमले की वैसी पहुंच नहीं है, जैसी होनी चाहिए।