कोरबा। काले हीरे की नगरी कोरबा में इन दिनों कोयले का काला कारोबार सिर चढ़कर बोल रहा है. कोल माफियाओं के हौसले इतने बुलंद हैं की एसईसीएल के खदान क्षेत्रों में स्थानीय लोगों के मार्फत दिनदहाड़े बड़ी मात्रा में कोयले की चोरी करवाई जा रही है.
राष्ट्रीय संपदा कोयले की खुलेआम तस्करी और बिगड़ती कानून व्यवस्था पर संज्ञान लेकर रामपुर विधायक एवं पूर्व गृहमंत्री ननकीराम कंवर ने कोरबा जिला पुलिस अधीक्षक भोजराम पटेल से फोन पर बात की. उन्होंने इस पर अपनी सख्त नाराजगी व्यक्त करते हुए कोल माफियाओं के विरुद्ध तत्काल प्रभावी कार्यवाही किए जाने और अवैध गतिविधियों पर लगाम लगाए जाने को कहा. उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय संपदा की इस प्रकार खुलेआम चोरी और बिगड़ती कानून व्यवस्था किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं की जाएगी. कोरबा पुलिस अधीक्षक ने कार्यवाही किए जाने की बात कही. लेकिन उसपर ननकीराम कंवर संतुष्ट नजर नहीं आए. उन्होंने साफ- साफ कहा कि, प्रशासन इस पर तत्काल रोक लगाए अन्यथा वे बर्दाश्त नहीं करेंगे और उन्होंने इसकी शिकायत केंद्रीय मंत्री से करने की बात कही. उन्होंने कोयला तस्करों को प्रशासनिक संरक्षण दिए जाने का भी आरोप लगाया.
विदित हो कि कोरबा जिले में लगातार एसईसीएल के खदान क्षेत्रों से बड़ी मात्रा कोयले की अवैध तस्करी की जा रही है. बताया जाता है कि रोज लगभग 40- 50 ट्रक कोयला अवैध रूप से निकाला और खपाया जाता है. जिसे कोरबा से लगे जिलों में संचालित कोल यार्ड से पेपर दुरुस्त कर अन्य प्रांतों में भेजा जा रहा है. जिसमें सीमांत जिलों की पुलिस और माइनिंग विभाग की भी संलिप्तता बताई जाती है!











