काराकास। वेनेजुएला में एक मिनट के भीतर आए दो शक्तिशाली भूकंपों ने भारी तबाही मचा दी है। प्रारंभिक रिपोर्टों के अनुसार, भूकंप से मरने वालों की संख्या 10 हजार से लेकर एक लाख तक पहुंचने की आशंका जताई जा रही है। अमेरिकी भूवैज्ञानिक सर्वेक्षण (USGS) के पेजर डाटा ने संभावित जनहानि को लेकर गंभीर चेतावनी जारी की है, जिससे पूरे देश में चिंता का माहौल है।
भूकंप के झटकों के बाद राजधानी काराकास सहित कई शहरों में इमारतों के ढहने, सड़कें टूटने और बुनियादी ढांचे को भारी नुकसान पहुंचने की खबरें सामने आई हैं। बचाव एजेंसियां मलबे में दबे लोगों को निकालने के लिए युद्धस्तर पर राहत एवं बचाव कार्य चला रही हैं।
वेनेजुएला के मुख्य अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे माइकेटिया एयरपोर्ट को भूकंप से हुए गंभीर नुकसान के कारण अनिश्चितकाल के लिए बंद कर दिया गया है। हवाई अड्डे के बंद होने से राहत सामग्री और बचाव दलों की आवाजाही भी प्रभावित हुई है।
देश की कार्यवाहक राष्ट्रपति डेल्सी रोड्रिगेज़ ने राष्ट्र को संबोधित करते हुए पूरे देश में आपातकाल की घोषणा की है। उन्होंने आपदा से निपटने के लिए एक वरिष्ठ जनरल को विशेष आपातकालीन समन्वयक नियुक्त किया है। अपने संबोधन में राष्ट्रपति ने नागरिकों से धैर्य और एकता बनाए रखने की अपील की।
राष्ट्र को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि यह देश के लिए बेहद कठिन समय है और सभी नागरिकों को मिलकर इस संकट का सामना करना होगा। उन्होंने भूकंप में अपने परिजनों को खोने वाले परिवारों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की, हालांकि मृतकों की आधिकारिक संख्या जारी नहीं की गई है।
भूकंप के बाद सामने आई तस्वीरें और वीडियो तबाही की भयावह तस्वीर पेश कर रहे हैं। कई इलाकों में बहुमंजिला इमारतें क्षतिग्रस्त हो गई हैं, जबकि हजारों लोग बेघर हो गए हैं। अस्पतालों में घायलों की भारी भीड़ उमड़ रही है और आपातकालीन सेवाओं पर दबाव बढ़ गया है।
विशेषज्ञों का मानना है कि राहत एवं बचाव कार्य पूरा होने के बाद ही वास्तविक नुकसान और मृतकों की संख्या का स्पष्ट आकलन हो सकेगा। फिलहाल पूरे देश में आपदा प्रबंधन एजेंसियां अलर्ट मोड पर हैं और प्रभावित क्षेत्रों में राहत सामग्री पहुंचाई जा रही है।











