जांजगीर-चांपा। छत्तीसगढ़ के जांजगीर-चांपा जिले में सड़क की बदहाली को लेकर सात महीने पहले किए गए चक्काजाम मामले में पुलिस ने कार्रवाई की है। कोतवाली पुलिस ने इस प्रकरण में जांजगीर-चांपा विधायक व्यास कश्यप सहित कुल 12 आंदोलनकारियों को गिरफ्तार किया। हालांकि मामला जमानती होने के कारण सभी को मुचलके पर रिहा कर दिया गया।
गिरफ्तारी के बाद विधायक व्यास कश्यप ने कहा कि वे किसी भी तरह की गिरफ्तारी से डरने वाले नहीं हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि क्षेत्र की कई सड़कें आज भी बदहाल हैं और उनके निर्माण से जुड़े प्रस्ताव मंत्रालय में लंबित पड़े हुए हैं। विधायक ने जांजगीर–पीथमपुर सड़क के साथ-साथ नैला ओवरब्रिज सहित अन्य मार्गों की खराब स्थिति का भी जिक्र किया।
क्या है पूरा मामला
जानकारी के अनुसार, यह मामला 30 जून 2024 का है। जर्वे–पीथमपुर रोड की जर्जर हालत सुधारने की मांग को लेकर ग्रामीणों और जनप्रतिनिधियों ने जांजगीर–चांपा मुख्य मार्ग को करीब 6 घंटे तक जाम कर दिया था। इस दौरान यातायात पूरी तरह बाधित रहा और आम लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।
इस चक्काजाम के दौरान एक एम्बुलेंस को रोके जाने का भी आरोप लगा था। एम्बुलेंस चालक की शिकायत पर कोतवाली पुलिस ने मामला दर्ज किया था। चालक ने अपनी रिपोर्ट में बताया था कि 30 जून की शाम करीब 4 बजे वह मरीज को एम्बुलेंस से अस्पताल ले जा रहा था, लेकिन खोखसा ओवरब्रिज पर रास्ता जाम होने के कारण अस्पताल पहुंचने में देरी हुई।









