रायपुर। छत्तीसगढ़ के चर्चित शराब घोटाले से जुड़े मैनपावर घोटाले में ACB-EOW ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 7 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। सभी को कोर्ट में पेश किया गया, जहां से उन्हें 11 मई तक कस्टोडियल रिमांड पर भेज दिया गया है।
ओवरटाइम के नाम पर करोड़ों का खेल
जांच में खुलासा हुआ है कि छत्तीसगढ़ स्टेट मार्केटिंग कॉर्पोरेशन लिमिटेड (CSMCL) में 2019-20 से 2023-24 के बीच ओवरटाइम भुगतान के नाम पर 100 करोड़ रुपए से ज्यादा का गबन किया गया। मैनपावर और प्लेसमेंट एजेंसियों के जरिए फर्जी तरीके से भुगतान किया गया।
कर्मचारियों के नाम पर हुआ घोटाला
सरकार ने शराब दुकानों में काम करने वाले कर्मचारियों के लिए करीब 115 करोड़ रुपए ओवरटाइम भुगतान मंजूर किया था, लेकिन यह राशि कर्मचारियों तक नहीं पहुंची। आरोप है कि एजेंसियों ने फर्जी दस्तावेज बनाकर रकम निकाल ली और अधिकारियों के साथ मिलकर बांट ली।
ED की कार्रवाई से खुला राज
इस घोटाले का खुलासा प्रवर्तन निदेशालय (ED) की कार्रवाई से हुआ। 29 नवंबर 2023 को रायपुर में 28.80 लाख रुपए नकद बरामद किए गए थे, जिसके बाद जांच आगे बढ़ी और पूरा नेटवर्क सामने आया।
इन धाराओं में केस दर्ज
ACB ने भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम और IPC की धारा 420 व 120-बी के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की थी। जांच में कुछ अधिकारियों की मिलीभगत और कारोबारी अनवर ढेबर से कनेक्शन की भी बात सामने आई है।









