सक्ती। छत्तीसगढ़ के सक्ती जिले के सकरेलीभाठा में मंगलवार रात दर्दनाक हादसा हो गया। रेल पटरी के पास बैठकर मोबाइल में गेम खेल रहे दो 14 वर्षीय किशोर मालगाड़ी की चपेट में आ गए। हादसे में कक्षा 9वीं के छात्र टिकेश साहू की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उसका साथी नवीन खाण्डे गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल किशोर को प्राथमिक उपचार के बाद चांपा रेफर किया गया है।
चार दोस्त पटरी के पास बैठे थे
जानकारी के मुताबिक, टिकेश साहू और नवीन खाण्डे सकरेलीभाठा के रहने वाले थे और दोनों कक्षा 9वीं में पढ़ते थे। 15 सितंबर की रात करीब 8 बजे दोनों अपने दो अन्य दोस्तों के साथ रेल पटरी के पास बैठे थे। बताया गया कि किशोर मोबाइल में फ्री फायर गेम खेल रहे थे और कान में ईयरफोन लगाए हुए थे।
इसी दौरान टिकेश और नवीन के साथ बैठे दो अन्य किशोर गणेश पंडाल में प्रसाद लेने चले गए। दोनों दोस्त वहीं पटरी के पास रुक गए।
बाराद्वार की ओर से आई मालगाड़ी
बताया जा रहा है कि दोनों किशोर मोबाइल गेम खेलने में व्यस्त थे। इसी दौरान बाराद्वार की ओर से मालगाड़ी आ गई। समय रहते पटरी से नहीं हट पाने के कारण दोनों उसकी चपेट में आ गए।
हादसे में टिकेश की मौके पर ही मौत हो गई। वहीं नवीन के सिर, कंधे और पैर में गंभीर चोटें आईं। आसपास मौजूद लोगों ने घायल को तत्काल बाराद्वार अस्पताल पहुंचाया, जहां प्राथमिक उपचार के बाद उसकी गंभीर हालत को देखते हुए चांपा रेफर कर दिया गया।
पोस्टमार्टम के बाद परिजनों को सौंपा शव
घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू की। बुधवार को पुलिस ने टिकेश के शव का पंचनामा कर पोस्टमार्टम कराया। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया।
टिकेश की मौत की खबर से उसके परिवार के साथ स्कूल और गांव में शोक का माहौल है। स्थानीय लोगों के मुताबिक, क्षेत्र के कुछ किशोरों के रेल पटरी के आसपास बैठकर मोबाइल गेम खेलने की बात सामने आती रही है।
पुलिस ने की सावधानी बरतने की अपील
बाराद्वार थाना प्रभारी नरेंद्र यादव के मुताबिक, दो किशोर रेल पटरी पर बैठकर मोबाइल में गेम खेल रहे थे और इसी दौरान मालगाड़ी की चपेट में आ गए। हादसे में एक किशोर की मौत हुई है, जबकि दूसरा घायल है।
रेलवे ट्रैक पर बैठना बेहद जोखिमपूर्ण है। खासकर मोबाइल गेम या ईयरफोन के कारण आसपास से गुजर रही ट्रेन की आवाज और चेतावनी पर ध्यान नहीं जा पाने से गंभीर हादसा हो सकता है। पुलिस ने लोगों से रेलवे ट्रैक से दूर रहने और बच्चों को भी इसके खतरों के प्रति जागरूक करने की अपील की है।









