Friday, July 17, 2026

जमानत मिलने के बाद फौरन जेल से बाहर आएगा कैदी, चीफ जस्टिस ने लान्च किया ‘FASTER’

नई दिल्ली कैदियों की रिहाई की प्रक्रिया तेज करने के लिए बड़ा कदम उठाया गया है। मुख्य न्यायाधीश एनवी रमन्ना ने गुरुवार को ‘Fast and Secured Transmission of Electronic Records’ (FASTER) साफ्टवेयर लान्च किया है। मुख्य न्यायाधीश ने गुरुवार सुबह 10 बजे वर्चुअली इस साफ्टवेयर को लान्च किया। चीफ जस्टिस ने इसके लिए जस्टिस चंद्रचूड़, जस्टिस जे खानविलकर और जस्टिस गुप्ता का धन्यवाद किया है। आपको बताते हैं कि ‘फास्टर’ साफ्टवेयर के जरिए कैदियों की रिहाई प्रक्रिया कैसे तेज होगी…

दरअसल, अभी कैदियों को जमानत मिलने के बाद आदेश की कापी जेल प्रशासन तक पहुंचने में काफी समय लग जाता है, जिस वजह से कैदियों की रिहाई में 2-3 दिन की देरी हो जाती है। ‘फास्टर’ के जरिए आदेश की कापी को जल्दी और सुरक्षित तरीके से इल्केट्रानिक मोड में भेजा जाएगा। जिससे कैदियों की रिहाई में ज्यादा वक्त नहीं लगेगा।

फास्टर सिस्टम लांच करते हुए चीफ जस्टिस ने कहा कि जुलाई मे अखबार मे एक खबर पढ़ी थी कि सुप्रीम कोर्ट से जमानत मिलने के बाद भी कैदी तीन दिन बाद भी जेल से नहीं छूट सका था। क्योंकि कोर्ट की कापी जेल तक नहीं पहुंची थी। इसीलिए तब इस सिस्टम को लान्च करने के बारे में सोचा गया।