ज्योतिष्पीठाधीश्वर जगद्गगुरु शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने हिंदुत्व विरोधी बॉलीवुड फिल्में बनाने पर खुलकर अपनी बात रखी है. उन्होंने कहा कि हम लोग ऐसी फिल्में देख उनकी आय मजूबत कर रहे है. हमें उनकी ऐसी फिल्मों का बहिष्कार करना चाहिए. अब सेंसर बोर्ड की तर्ज पर धार्मिक समिति भी फ़िल्मों का अध्ययन करेगी. कुछ भी ग़लत या हिंदू धर्म को निशाना साधने जैसे तथ्यों पर नोटिस भेजा जाएगा. जल्द समिति गठित होकर काम शुरू किया जाएगा.चिकित्सा शिक्षा मंत्री विश्वास सारंग ने ज्योतिष पीठाधीश्वर शंकराचार्य स्वामी के बयान का समर्थन किया है. सारंग ने कहा कि यह बात सही है. पिछले कुछ समय से जानबूझ कर हिन्दू देवी देवताओं को अपमानित किया जा रहा है. सरकार लगातार इस मामले को कार्रवाई करती रहती है. कांग्रेस नेताओं पर निशाना साधते हुए सारंग ने कहा कि दिग्विजय सिंह, मणिशंकर अय्यर जैसे नेताओं का समर्थन मिलता है. इसलिए कुछ फ़िल्म निर्माता इस तरह की फिल्मों का निर्माण करते हैं.ज्योतिषपीठाधीश्वर शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने भारत-पाकिस्तान को लेकर कहा कि जिस उद्देश्य से भारत का बंटवारा हुआ, वो आज भी अधूरा हैं. बंटवारा धर्म के आधार पर तो मुस्लिम इधर क्यों है ? हमें मुस्लिम के साथ रहने में कोई बुराई नहीं है, लेकिन फिर बंटवारा कैंसिल होना चाहिए. बंटवारे के बाद भी मुस्लिम यहां रहा है, तो फिर अखंड भारत होना चाहिए. मुस्लमान यहां रहना चाहते हैं, तो पाकिस्तान नाम की दीवार गिरना चाहिए. आखिर बंटवार भी इसी उद्देश्य से हुआ था.








